
हाथरस 10 फरवरी । दून पब्लिक स्कूल में “ब्रिटिश काउंसिल परियोजना” के अंतर्गत विद्यालय प्रधानाचार्य जेके अग्रवाल के प्रेरक निर्देशन में “रिड्स इन-हाउस गतिविधि” का सफल आयोजन किया गया। इस बहुआयामी शैक्षिक कार्यक्रम में कक्षा 9 एवं 10 के 174 विद्यार्थियों ने सक्रिय भागीदारी दिखाई। गतिविधि का शीर्षक था “अधिकारों की जड़ें: आधुनिक भारत, स्वीडन, फ़िनलैंड एवं केन्या में लैंगिक समानता”, जिसमें अंग्रेज़ी, सामाजिक अध्ययन, आईसीटी एवं हिंदी जैसे विषयों को एकीकृत किया गया। विद्यार्थियों ने भारत के साथ-साथ स्वीडन, फ़िनलैंड और केन्या में लैंगिक समानता की स्थिति, संवैधानिक प्रावधान, सामाजिक बदलाव और सांस्कृतिक दृष्टिकोण का तुलनात्मक अध्ययन किया। इसमें वाद–विवाद, समूह चर्चा, पोस्टर निर्माण, नारा लेखन, डायरी एवं कहानी लेखन, और समानता प्रतिज्ञा दीवार जैसी रचनात्मक गतिविधियाँ शामिल थीं। छात्रों द्वारा तैयार पोस्टरों में “समान अधिकार, समान भारत” और “पूर्वाग्रह तोड़ो” जैसे नारों के माध्यम से समानता जागरूकता का संदेश फैलाया गया। गतिविधि में संयुक्त राष्ट्र के सतत विकास लक्ष्यों से भी संबंध स्थापित किया गया।
प्रधानाचार्य जे० के० अग्रवाल ने कहा कि लैंगिक समानता केवल सामाजिक अवधारणा नहीं, बल्कि न्यायपूर्ण और सशक्त समाज की आधारशिला है। ऐसी गतिविधियाँ विद्यार्थियों को जागरूक और जिम्मेदार वैश्विक नागरिक बनाने में मदद करती हैं। इस आयोजन में परियोजना प्रभारी सीनियर कोऑर्डिनेटर रीटा शर्मा, फाउंडेशन कोऑर्डिनेटर नम्रता अग्रवाल, इंचार्ज शिक्षक हर्षित अग्रवाल, शिक्षिका नीलम रावत और तकनीकी सहायक कपिल कुमार की महत्वपूर्ण भूमिका रही। प्रधानाचार्य ने सभी शिक्षकों और विद्यार्थियों की सराहना करते हुए समानता, सम्मान और न्याय के मूल्यों को व्यवहार में अपनाने के लिए प्रेरित किया।

















