
हाथरस 06 जनवरी । पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश द्वारा चलाए जा रहे ऑपरेशन कन्विक्शन अभियान के तहत महिला एवं बाल अपराधों में दोषियों को त्वरित व कठोर दंड दिलाने की दिशा में हाथरस पुलिस को बड़ी सफलता प्राप्त हुई है। पुलिस अधीक्षक हाथरस के निर्देशन में मॉनिटरिंग सेल एवं अभियोजन की प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप माननीय न्यायालय एडीजे/पोक्सो-I, हाथरस द्वारा थाना हाथरस जंक्शन क्षेत्र के पोक्सो अभियोग से संबंधित एक अभियुक्त को 10 वर्ष के कठोर कारावास एवं कुल 18,000 रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई गई है। मिली जानकारी के अनुसार वादी द्वारा सूचना दी गई थी कि दिनांक 17/18 अक्टूबर 2022 की रात्रि में ढाबे पर काम करने वाला युवक अकबर चिट्टी पुत्र लाल मोहम्मद, निवासी नाई का नगला, थाना कोतवाली नगर, जनपद हाथरस, उसकी नाबालिग पुत्री को बहला-फुसलाकर ले गया। इस संबंध में वादी की लिखित तहरीर के आधार पर थाना हाथरस जंक्शन पर मु0अ0सं0 300/2022 धारा 363 भादवि के अंतर्गत अभियोग पंजीकृत किया गया। विवेचना के दौरान वादी, पीड़िता एवं अन्य गवाहों के बयान तथा घटनास्थल निरीक्षण के आधार पर मुकदमे में धारा 366, 376 भादवि एवं 3/4 पोक्सो अधिनियम की वृद्धि की गई।
पुलिस द्वारा विवेचना तत्परता एवं गुणवत्ता के साथ पूर्ण करते हुए मात्र 15 दिन में दिनांक 05 नवम्बर 2022 को आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया गया। शासन के दिशा-निर्देशों एवं “ऑपरेशन कन्विक्शन” अभियान के अंतर्गत पुलिस अधीक्षक हाथरस के निकट पर्यवेक्षण में मॉनिटरिंग सेल द्वारा अभियोग की सतत निगरानी की गई तथा अभियोजन शाखा द्वारा न्यायालय में प्रभावी पैरवी की गई। इसके परिणामस्वरूप दिनांक 6 जनवरी 2025 को माननीय न्यायालय एडीजे/पोक्सो-I, हाथरस द्वारा अभियुक्त अकबर चिट्टी को धारा 363 भादवि में तीन वर्ष का कठोर कारावास व 3,000 रुपये अर्थदंड, धारा 366 भादवि में 5 वर्ष का कठोर कारावास व 5,000 रुपये अर्थदंड तथा धारा 8 पोक्सो अधिनियम में 10 वर्ष का कठोर कारावास व 10,000 रुपये अर्थदंड से दंडित किया गया। इस प्रकार अभियुक्त को कुल 10 वर्ष का कठोर कारावास एवं 18,000 रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई गई।




















