हाथरस 12 अक्टूबर। विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (SIR) के बाद विशेष अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने के लिए जिला निर्वाचन अधिकारी सत्य प्रकाश पटेल ने कलेक्ट्रेट सभागार में राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा कि शुद्ध एवं त्रुटिरहित मतदाता सूची निष्पक्ष और पारदर्शी निर्वाचन प्रक्रिया का आधार है। एक अक्टूबर 2026 की अर्हता तिथि के अनुसार पात्र सभी मतदाताओं, विशेषकर 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले युवाओं, के नाम मतदाता सूची में शामिल कराए जाएं। साथ ही मृतक, स्थायी रूप से स्थानांतरित और डुप्लीकेट मतदाताओं के नामों का नियमानुसार निराकरण कर सूची की त्रुटियों को दूर किया जाए। जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि घर-घर सर्वेक्षण के दौरान अनुपस्थित मिले, मृतक, डुप्लीकेट, स्थायी रूप से स्थानांतरित तथा गणना प्रपत्र जमा करने से इनकार करने वाले मतदाताओं का सत्यापन कर बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) ने एएसडीडी सूची तैयार की है। यह सूची राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों और बूथ लेवल एजेंटों (BLA) के साथ बूथवार साझा की गई है। इसमें मतदाता का नाम, क्रमांक, ईपीआईसी नंबर और सूची में शामिल किए जाने का कारण दर्ज है। उन्होंने कहा कि यदि किसी पात्र मतदाता को गलत तरीके से सूची में चिह्नित किया गया है, तो संबंधित राजनीतिक दल के प्रतिनिधि बीएलओ अथवा निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (ERO) के समक्ष आपत्ति दर्ज कराएं, ताकि जांच के बाद नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जा सके। सत्य प्रकाश पटेल ने शेष पात्र मतदाताओं के प्रपत्र समय से भरवाकर जमा कराने और नए मतदाताओं के नाम जोड़ने के लिए फॉर्म-6 भरवाने पर जोर दिया। उन्होंने राजनीतिक दलों से सभी मतदान केंद्रों पर बूथ लेवल एजेंट नियुक्त करने की अपील करते हुए कहा कि अभियान में सभी पक्षों की सक्रिय भागीदारी जरूरी है, जिससे कोई भी पात्र मतदाता मताधिकार से वंचित न रहे। बैठक में उप जिला निर्वाचन अधिकारी प्रशांत तिवारी ने SIR प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी। इस दौरान राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों ने नए मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में दर्ज कराने को लेकर सुझाव भी प्रस्तुत किए। बैठक में सुनील वर्मा एडवोकेट, जिला मीडिया प्रभारी भाजपा, सीपीआईएम के जिला सचिव श्याम सिंह वर्मा, समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष सहित संबंधित अधिकारी और सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी मौजूद रहे।









