दिल्ली 17 नवंबर | दिल्ली पुलिस गुरुवार को आफताब को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए साकेत कोर्ट में पेश किया। सुनवाई को बाद कोर्ट ने उसे 5 दिनों की पुलिस हिरासत में भेज दिया। वैसे पुलिस ने 10 दिनों की कस्टडी मांगी थी। साकेत कोर्ट में वकीलों के हंगामे की वजह से पुलिस ने सुरक्षा कारणों का हवाला देकर उसे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेश किया। वकीलों की मांग थी कि उसे फांसी दी जाए, वहीं उसे वीआईपी ट्रीटमेंट दिये जाने को लेकर भी असंतोष दिख रहा था। फिलहाल आफताब के बार-बार बयान बदलने की वजह से पुलिस इस मामले में सभी सबूत इकट्ठा करने की कोशिश में जुटी हुई है। मिली जानकारी के मुताबिक दिल्ली पुलिस सबूत जुटाने के लिए आफताब को लेकर हिमाचल प्रदेश जाएगी।

मामले में कई नए खुलासे

दिल्ली पुलिस के सूत्रों ने जानकारी दी है कि आफताब ने पुलिस के सामने एक और गुनाह कबूला है। उसने पुलिस को बताया कि श्रद्धा के शरीर के टुकड़े-टुकड़े करने के बाद पहचान छिपाने के लिए चेहरे को भी जलाया था। इतना ही नहीं उसने पुलिस के सामने यह खुलासा भी किया कि हत्या के बाद शव को ठिकाने लगाने के तरीके जानने के लिए इंटरनेट का सहारा लिया था।

कैसे हुआ मर्डर

मीडिया रिपोर्ट्स में सूत्रों के हवाले से कहा जा रहा है कि 18 मई को श्रद्धा और आफताब के बीच घरेलू सामान खरीदने को लेकर झगड़ा हुआ था। बाद में अन्य मुद्दों के उठने पर झगड़ा बढ़ा और रात करीब 8 से 10 बजे के बीच आफताब ने श्रद्धा का गला घोंट दिया। खबर है कि आरोपी ने पूरी रात शव को उसी कमरे में रखा और अगले दिन छुरा और फ्रिज खरीदने के लिए चला गया। आरोप हैं कि आफताब ने शरीर के 35 टुकड़े किए थे और उन्हें फ्रिज में रखा था। बाद में 18 दिनों तक उन्हें पास के जंगलों में फेंकता रहा।