सिकंदराराऊ 29 जून | सामाज के सभी वर्गों के पारस्परिक सहयोग से सभी बड़े कार्य आसानी से बिना किसी आर्थिक दबाव के किये जा सकते हैं। आपसी सहयोग की भावना ही हमें जीवित समाज के रूप में स्थापित करती है। उक्त बातें कर्मयोग सेवा संघ पुरदिलनगर द्वारा आयोजित कराए गए वैवाहिक कार्यक्रम में वर-बधू को आशीर्वाद के दौरान कर्मयोग सेवा संघ के संस्थापक अध्यक्ष विवेकशील राघव ने कहीं। विवाह व पूर्ण गृहस्थी के उपयोग हेतु उपहारों की सम्पूर्ण व्यवस्था कर्मयोग सेवा संघ के संस्थापक सदस्य ओमप्रकाश सिंह भोले बाबा तथा सनी गौतम ने की। इस दौरान सामाजिक दूरी के नियमों का पालन करते हुए आरती और राजकुमार ने एक-दूसरे को वरमाला पहनाकर विवाह की रस्मों को पूरा किया। इस अवसर पर विनय कुमार, रमेश कुमार, प्रवीण कुमार आदि सहित मात्र दस लोग ही उपस्थित रहे।

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